क्या आप जानते हैं कि जब आप मोबाइल बैंकिंग ऐप पर कोई लोन या सर्विस लेते हैं, तो स्क्रीन पर दिखने वाले 'Yes' या 'No' के बटनों के पीछे आपको फंसाने का पूरा खेल (Dark Patterns) छिपा होता था? रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने बैंकों की इसी चालाकी पर अब तक का सबसे बड़ा प्रहार किया है।
अक्सर बैंक ग्राहकों को बिना बताए उनके चेकआउट बास्केट में इंश्योरेंस जोड़ देते थे या "ऑफर खत्म होने वाला है" कहकर झूठी जल्दबाजी दिखाते थे। इतना ही नहीं, अगर ग्राहक प्रीमियम अपग्रेड के लिए मना करता था, तो उसे गिल्टी फील कराने वाले मैसेज (Confirm Shaming) दिखाए जाते थे। अब RBI ने सख्त गाइडलाइंस जारी कर इन सभी डिजिटल ट्रिक्स, मनमाने हिडन ऑफर्स और जबरन प्रोडक्ट्स चिपकाने (Forced Bundling) पर पूरी तरह बैन लगा दिया है। जनवरी 2027 से लागू होने वाले इन नियमों के बाद अगर किसी बैंक ने चालाकी से ग्राहक को गलत प्रोडक्ट बेचा, तो उसे पूरा पैसा रिफंड करना होगा और हर्जाना भी देना पड़ेगा










